इन देशों में कम खर्च में कर सकते हैं Higher Education, कई जगह फीस बेहद कम; जानें पूरी लिस्ट

8/13/2026 10:46:00 am

 


विदेश में कम खर्च में पढ़ाई का मौका, इन देशों में Higher Education की फीस हो सकती है बेहद कम

विदेश में पढ़ाई करना लाखों भारतीय छात्रों का सपना है, लेकिन महंगी ट्यूशन फीस और रहने का खर्च अक्सर बड़ी बाधा बन जाता है। हालांकि दुनिया के कुछ देशों में सरकारी विश्वविद्यालयों और सार्वजनिक संस्थानों में कम फीस या अपेक्षाकृत किफायती Higher Education के विकल्प उपलब्ध हैं।

यहां यह समझना जरूरी है कि “Free Education” का मतलब हर छात्र के लिए पूरी तरह शून्य खर्च नहीं होता। कई देशों में फीस देश की नागरिकता, विश्वविद्यालय, कोर्स, भाषा और छात्र की पात्रता के आधार पर अलग-अलग हो सकती है। इसके अलावा रहने, खाने, यात्रा, बीमा और किताबों का खर्च अलग से हो सकता है।

1. जर्मनी

जर्मनी अंतरराष्ट्रीय छात्रों के बीच कम लागत वाली उच्च शिक्षा के लिए लोकप्रिय विकल्पों में शामिल है। कई सार्वजनिक विश्वविद्यालयों में ट्यूशन फीस काफी कम या कुछ परिस्थितियों में नहीं होती, हालांकि छात्रों को semester contribution और रहने का खर्च उठाना पड़ सकता है।

2. फ्रांस

फ्रांस में सार्वजनिक विश्वविद्यालयों की फीस कई अन्य पश्चिमी देशों की तुलना में कम हो सकती है। फीस छात्र की स्थिति और कोर्स के अनुसार बदलती है। इसके अलावा कुछ संस्थानों और कार्यक्रमों में छात्रवृत्ति के अवसर भी उपलब्ध होते हैं।

3. नॉर्वे

नॉर्वे लंबे समय से कम या बिना ट्यूशन फीस वाली उच्च शिक्षा के लिए जाना जाता रहा है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए नियम और फीस संरचना समय के साथ बदल सकती है। इसलिए आवेदन से पहले संबंधित विश्वविद्यालय की वर्तमान फीस जरूर जांचनी चाहिए।

4. फिनलैंड

फिनलैंड की शिक्षा व्यवस्था विश्व स्तर पर चर्चित है। EU/EEA छात्रों और अन्य अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए फीस के नियम अलग हो सकते हैं। कई विश्वविद्यालय अंतरराष्ट्रीय छात्रों को scholarship या tuition-fee waiver भी उपलब्ध कराते हैं।

5. ऑस्ट्रिया

ऑस्ट्रिया में भी कई छात्रों को अपेक्षाकृत कम लागत में उच्च शिक्षा का विकल्प मिल सकता है। हालांकि फीस छात्र की नागरिकता, विश्वविद्यालय और कार्यक्रम के आधार पर अलग हो सकती है।

6. स्पेन

स्पेन में सार्वजनिक विश्वविद्यालयों की फीस कई अन्य यूरोपीय देशों की तुलना में कम हो सकती है। यहां पढ़ाई के साथ रहने का खर्च भी शहर के हिसाब से काफी बदलता है, इसलिए पूरा बजट बनाकर आवेदन करना बेहतर है।

7. चेक गणराज्य

चेक गणराज्य में स्थानीय भाषा में पढ़ाए जाने वाले कुछ सार्वजनिक उच्च शिक्षा कार्यक्रमों में कम या बिना ट्यूशन फीस का विकल्प हो सकता है। अंग्रेजी माध्यम के कार्यक्रमों के लिए फीस अलग हो सकती है।

8. ब्राजील

ब्राजील में सार्वजनिक विश्वविद्यालय उच्च शिक्षा के महत्वपूर्ण केंद्र हैं। कुछ सार्वजनिक संस्थानों में ट्यूशन फीस नहीं ली जाती, लेकिन अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए प्रवेश, भाषा और अन्य पात्रता शर्तें अलग हो सकती हैं।

सिर्फ फीस नहीं, पूरा खर्च देखें

विदेश में पढ़ाई का फैसला लेते समय केवल ट्यूशन फीस देखना सही नहीं है। छात्र को इन खर्चों का भी हिसाब लगाना चाहिए:

  • 🏠 रहने का खर्च
  • 🍲 भोजन
  • ✈️ यात्रा
  • 🏥 स्वास्थ्य बीमा
  • 📚 किताबें और अध्ययन सामग्री
  • 🛂 वीजा और आवेदन शुल्क
  • 🚆 स्थानीय परिवहन
  • 💶 अन्य प्रशासनिक शुल्क

UNESCO के अनुसार Higher Education की affordability में सिर्फ tuition fees ही नहीं, बल्कि accommodation, food, books और अन्य indirect expenses भी महत्वपूर्ण हैं।

भारतीय छात्रों के लिए जरूरी सलाह

किसी देश में आवेदन करने से पहले उस विश्वविद्यालय की official website पर current tuition fee, scholarship, admission requirements और international-student rules जरूर जांचें। “Free education” देखकर सीधे आवेदन करना सही नहीं है, क्योंकि फीस और eligibility देश तथा कार्यक्रम के अनुसार बदल सकती है।

निष्कर्ष

अगर आपका बजट सीमित है और आप विदेश में पढ़ाई करना चाहते हैं, तो जर्मनी, फ्रांस, नॉर्वे, फिनलैंड, ऑस्ट्रिया, स्पेन, चेक गणराज्य और ब्राजील जैसे देशों के विकल्पों पर रिसर्च की जा सकती है। लेकिन अंतिम फैसला वर्तमान फीस, scholarship, रहने की लागत और visa requirements को ध्यान में रखकर ही करें।

नोट: अलग-अलग देशों में फीस और admission policies बदलती रहती हैं। इसलिए आवेदन से पहले संबंधित विश्वविद्यालय की आधिकारिक जानकारी जरूर देखें।

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Arki News: अर्की की तस्वीर बदलने का समय, नई नगर पंचायत टीम से विकास की उम्मीद

8/13/2026 07:57:00 am

 

अर्की नगर पंचायत की नई अध्यक्ष सीमा शर्मा और उपाध्यक्ष वीना ठाकुर का शपथ ग्रहण समारोह।

अर्की की तस्वीर बदलने का समय, नई नगर पंचायत टीम से विकास की उम्मीद

अर्की, सोलन: अर्की नगर पंचायत में नई नेतृत्व टीम के सामने अब शहर के विकास को नई दिशा देने की जिम्मेदारी है। नवनिर्वाचित अध्यक्ष सीमा शर्मा और उपाध्यक्ष वीना ठाकुर ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। इसके साथ ही नगर पंचायत में नई कार्यकारिणी ने औपचारिक रूप से अपनी जिम्मेदारियां संभाल ली हैं।

शपथ ग्रहण समारोह के दौरान क्षेत्र के विकास, जनहित और बेहतर प्रशासन को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि नई टीम अर्की की लंबे समय से चली आ रही विकास संबंधी जरूरतों पर प्रभावी ढंग से काम करेगी।

विकास कार्यों को गति देने की चुनौती

अर्की नगर पंचायत के सामने सड़क, सफाई, यातायात व्यवस्था, पेयजल, स्ट्रीट लाइट और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े कई मुद्दे हैं। ऐसे में नई नगर पंचायत टीम के सामने इन समस्याओं का समाधान कर शहर में बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने की चुनौती रहेगी।

विधायक संजय अवस्थी ने नई टीम से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर अर्की के विकास और जनहित में काम करने का आह्वान किया। उन्होंने शहर की विकास योजनाओं को प्राथमिकता देने और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरने की आवश्यकता पर जोर दिया।

जनता को नई टीम से बड़ी उम्मीदें

नई अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के कार्यभार संभालने के बाद अर्की के लोगों में विकास कार्यों को लेकर उम्मीद बढ़ी है। स्थानीय स्तर पर लोगों की अपेक्षा है कि नगर पंचायत पारदर्शी तरीके से काम करते हुए शहर की बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करेगी।

अब आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि नई नगर पंचायत टीम अपनी प्राथमिकताओं को किस तरह जमीन पर लागू करती है और अर्की की विकास तस्वीर को कितना बदल पाती है।

SBR Groups की नजर अर्की और हिमाचल से जुड़ी महत्वपूर्ण स्थानीय खबरों पर बनी रहेगी।


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₹10 और ₹20 के Polymer Notes आएंगे! सरकार ने 2 अरब नोटों के Field Trial को दी मंजूरी

8/12/2026 03:00:00 pm

 

Polymer Notes: ₹10 और ₹20 के 2 अ


भारत में आएंगे Polymer Notes: ₹10 और ₹20 के 2 अरब नोटों का होगा ट्रायल


नई दिल्ली, 12 अगस्त 2026: भारत में करेंसी नोटों को अधिक टिकाऊ और सुरक्षित बनाने की दिशा में सरकार ने ₹10 और ₹20 मूल्यवर्ग के polymer banknotes के field trials को मंजूरी दे दी है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की ओर से दोनों मूल्यवर्ग के एक-एक अरब नोट, यानी कुल 2 अरब polymer notes, परीक्षण के लिए जारी किए जाएंगे।


वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में बताया कि RBI के केंद्रीय बोर्ड की सिफारिश के बाद सरकार के समक्ष यह प्रस्ताव रखा गया था। प्रस्ताव में field trials के साथ सफल परीक्षण के बाद इन दोनों मूल्यवर्ग में polymer banknotes की नियमित जारी करने की योजना भी शामिल है।


कागजी नोटों के साथ चलेंगे Polymer Notes


RBI के अनुसार polymer notes को मौजूदा paper-substrate वाले नोटों के अतिरिक्त जारी किया जाएगा। इसका मतलब है कि ₹10 और ₹20 के मौजूदा कागजी नोट तुरंत बंद नहीं होंगे और दोनों प्रकार के नोट कुछ समय तक साथ-साथ चल सकते हैं।


क्यों लाए जा रहे हैं Polymer Notes?


Polymer banknotes विशेष प्रकार के प्लास्टिक substrate से बनाए जाते हैं। ये सामान्य कागजी नोटों की तुलना में अधिक टिकाऊ और नमी के प्रति बेहतर प्रतिरोधी होते हैं। इनकी लंबी circulation life से बार-बार पुराने नोट बदलने की जरूरत भी कम हो सकती है। साथ ही polymer substrate में आधुनिक security features शामिल किए जा सकते हैं।


अभी तय नहीं है कब मिलेंगे नए नोट


सरकार ने प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है, लेकिन नए polymer notes आम लोगों के हाथ में आने की सटीक तारीख अभी तय नहीं हुई है। RBI के अनुसार procurement process अभी शुरुआती चरण में है। इसलिए फिलहाल introduction की निश्चित समयसीमा और खर्च का अंतिम अनुमान उपलब्ध नहीं है।


निष्कर्ष: भारत में polymer currency की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। अगर field trials सफल रहे, तो भविष्य में ₹10 और ₹20 के polymer notes की नियमित आपूर्ति शुरू हो सकती है।

Indian fencers win two gold, three silver and four bronze medals at Commonwealth Championship

8/12/2026 02:23:00 pm

 

Commonwealth Championship

India continued its impressive medal-winning run at the Commonwealth Fencing Championship in Lagos, Nigeria. After securing 17 medals on the opening day on Monday, Indian fencers added more Medals to the country’s tally. 

 

Karan Singh and Sherjin Shanthimol clinched gold medals for India in the senior men’s events last night. In the men’s Sabre final, Karan Singh staged a remarkable comeback against Australia’s Yoongi Shim. Trailing 7-11, Karan fought back strongly to win the bout 15-12 and claim the gold medal. In the men’s Epee final, Sherjin Shanthimol defeated second-seeded South African fencer Pieter Kruger 15-6 in a comfortable victory to secure the top spot.

 

India also won a bronze medal in the senior men’s Foil event, with Tejas Patil finishing on the podium in a field featuring several renowned international fencers.

 

Indian women fencers put up another dominant performance in the senior women’s Epee event, winning three medals. Tanishka Khatri clinched the gold, while her compatriot Khushi Dabhade took the silver. Prachi Lohan added a bronze medal to India’s tally, sharing the third position with Australia’s Harrison Asley. 

 

In the individual Sabre event, Indian women won three medals. Aakhari secured the silver medal, finishing behind England’s Brierley, while Shruti Joshi and Jefarlin won bronze medals. 

Indian Grandmaster R Praggnanandhaa defeats Javokhir Sindarov in Sinquefield Cup

8/12/2026 02:22:00 pm

 

 R Praggnanandhaa

Indian Grandmaster R Praggnanandhaa defeated Javokhir Sindarov in a second-round match of the Sinquefield Cup in St Louis, United States. It is his first victory in the tournament, which is the penultimate event of the Grand Chess Tour. Praggnanandhaa dominated the game from start to finish. He slowly pressed his advantage in the endgame, which arose from a queen pawn opening.


 


Sindarov chose an endgame that was equal and should have ended in a draw. But he could not match Praggnanandhaa’s determination. The Indian kept pressing and eventually turned the drawn position into a winning one. The game lasted 95 moves. With this victory, Praggnanandhaa moved to 1.5 points from two games.